खबर की तहतक ✍️ लखनऊ। उत्तर प्रदेश में नए शैक्षिक सत्र के दौरान अब किसी भी बच्चे को जन्म प्रमाण पत्र या आधार कार्ड के अभाव में सरकारी स्कूलों में प्रवेश से वंचित नहीं किया जाएगा। प्रदेश के मुख्य सचिव एसपी गोयल ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि अभिभावकों द्वारा दी गई जानकारी के आधार पर ही बच्चों का नामांकन सुनिश्चित किया जाए, ताकि कोई भी बच्चा शिक्षा से वंचित न रह सके। मुख्य सचिव ने गुरुवार को नए शैक्षिक सत्र के लिए स्कूल चलो अभियान को लेकर विस्तृत दिशा-निर्देश जारी किए। उन्होंने बताया कि यह अभियान दो चरणों में संचालित किया जाएगा—पहला चरण 1 से 15 अप्रैल तक और दूसरा चरण 1 से 15 जुलाई तक चलेगा। इस अभियान का मुख्य उद्देश्य प्रदेश में शत-प्रतिशत नामांकन और कक्षाओं के बीच पढ़ाई की निरंतरता बनाए रखना है। निर्देशों के अनुसार तीन वर्ष के सभी बच्चों का आंगनबाड़ी व बाल वाटिका में, छह वर्ष के बच्चों का कक्षा एक में तथा 7 से 14 वर्ष तक के सभी ड्रॉपआउट व स्कूल से बाहर बच्चों का दोबारा विद्यालयों में नामांकन कराया जाएगा। साथ ही आंगनबाड़ी से कक्षा एक, कक्षा पांच से छह, कक्षा आठ से नौ और कक्षा 10 से 11 में शत-प्रतिशत ट्रांजिशन सुनिश्चित करने पर विशेष जोर दिया जाएगा। अभियान को सफल बनाने के लिए आशा कार्यकर्ता, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता, ईसीसीई एजुकेटर, मुख्य चिकित्साधिकारी, जिला कार्यक्रम अधिकारी, कक्षा पांच, आठ व दस के शिक्षक, बीएसए और डीआईओएस को जिम्मेदारी सौंपी गई है। मुख्य सचिव ने निर्देश दिया कि अभियान शुरू होने से पहले जिलाधिकारी की अध्यक्षता में बैठक कर रणनीति तैयार की जाए और विद्यालयों के प्रधानाचार्यों व शिक्षकों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए जाएं। उन्होंने यह भी कहा कि नए सत्र के पहले दिन विद्यालय परिसर को साफ-सुथरा और आकर्षक बनाया जाए तथा बच्चों का स्वागत किया जाए। विशेष रूप से बालिकाओं, दिव्यांग बच्चों, झुग्गी-झोपड़ियों और ईंट-भट्ठों में रहने वाले बच्चों के नामांकन पर ध्यान देने के निर्देश दिए गए हैं। मुख्य सचिव ने बताया कि अभियान के लिए समग्र शिक्षा योजना के तहत प्रत्येक जिले को पांच लाख रुपये, प्रत्येक ब्लॉक को दस हजार रुपये और प्रत्येक विद्यालय को 2500 रुपये विभिन्न गतिविधियों के लिए उपलब्ध कराए जाएंगे। साथ ही पोस्टर, बैनर, दीवार लेखन, रैली, प्रभात फेरी, सांस्कृतिक कार्यक्रम और एलईडी वैन के माध्यम से व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाएगा। सांसद, विधायक और अन्य जनप्रतिनिधियों को भी अभियान से जोड़ा जाएगा। Share this: Share on Facebook (Opens in new window) Facebook Share on X (Opens in new window) X Like this:Like Loading… Related Post navigation संतराम अग्रहरि हत्याकांड: फरार दो सगे भाइयों पर 50-50 हजार का इनाम घोषित यूपी में संपत्ति रजिस्ट्री का नया नियम: अब एक घंटे के स्लॉट में ही करानी होगी रजिस्ट्री, 1 अप्रैल से लागू