खबर की तहतक | जिला संवाददाता अंबेडकर नगर। जनपद के अकबरपुर तहसील अंतर्गत ग्राम विश्रामपुर (बसाइतपुर) में निजी भूमि से जबरन चकमार्ग/रास्ता निकलवाने के प्रयास का गंभीर मामला सामने आया है। गांव निवासी किसान उमा शंकर यादव ने अपनी खतौनी में दर्ज गाटा संख्या 145 को निजी भूमि बताते हुए, उस पर अवैध रूप से रास्ता निकालने का दबाव बनाए जाने का आरोप लगाया है। इस संबंध में किसान ने जिलाधिकारी को प्रार्थना पत्र सौंपकर न्याय की मांग की है। पीड़ित किसान का कहना है कि गाटा संख्या 145 विधिवत उनकी निजी खतौनी भूमि है, जिसमें किसी भी प्रकार का सार्वजनिक रास्ता अथवा चकमार्ग दर्ज नहीं है। इस तथ्य की पुष्टि लेखपाल एवं ग्राम पंचायत सचिव द्वारा प्रस्तुत राजस्व रिपोर्टों में भी हो चुकी है। इसके बावजूद विपक्षी सुनीता देवी द्वारा अधिकारियों को कथित रूप से गुमराह कर निजी भूमि से जबरन रास्ता निकलवाने का दबाव बनाया जा रहा है। किसान ने यह भी आरोप लगाया कि पूर्व में बाग की ओर से रास्ता दिए जाने को लेकर समझौता हुआ था, लेकिन अब विपक्षी उसी समझौते से मुकरते हुए उनका वैध रास्ता पूरी तरह अवरुद्ध कर रही हैं, जिससे खेत और आवास तक आवागमन में भारी कठिनाई उत्पन्न हो गई है। मामले में एक अन्य गंभीर आरोप यह है कि विपक्षी स्वयं को विधवा बताकर प्रशासनिक अधिकारियों के समक्ष भावनात्मक दबाव बना रही हैं, जिसके चलते किसान पर अवैधानिक समझौता करने का दबाव डाला जा रहा है। पीड़ित का कहना है कि बिना किसी वैधानिक आधार के निजी खतौनी भूमि से रास्ता निकलवाना कानूनन अपराध है और यह उनके संवैधानिक संपत्ति अधिकारों का उल्लंघन है। इसके अतिरिक्त, किसान ने ग्राम पंचायत सचिव और लेखपाल पर भी आरोप लगाया है कि उन्हें बार-बार कार्यालय बुलाकर मौखिक रूप से मकान गिरवाने और जबरन रास्ता निकलवाने की धमकी दी जा रही है। किसान का कहना है कि इस प्रकार का दबाव मानसिक उत्पीड़न के समान है। पीड़ित किसान उमा शंकर यादव ने जिलाधिकारी से मांग की है कि उनकी निजी भूमि से चकमार्ग निकालने की किसी भी कार्रवाई पर तत्काल रोक लगाई जाए, अधिकारियों द्वारा बनाए जा रहे दबाव की निष्पक्ष जांच कराई जाए, विपक्षी द्वारा रास्ता अवरुद्ध किए जाने पर वैधानिक कार्रवाई की जाए, तथा उन्हें मानसिक उत्पीड़न से संरक्षण प्रदान किया जाए। अब यह देखना अहम होगा कि प्रशासन इस गंभीर भूमि विवाद पर क्या रुख अपनाता है। मामले को लेकर जनता और मीडिया की निगाहें प्रशासनिक कार्रवाई पर टिकी हुई हैं। — खबर की तहतक Share this: Share on Facebook (Opens in new window) Facebook Share on X (Opens in new window) X Like this:Like Loading… Related Post navigation UP Board Exam 2026: नकल पर नकेल कसने को यूपी बोर्ड सख्त, बाहरी तत्वों पर नजर रखेगी LIU यूपी में घर-घर पहुंचेगी बिजली विभाग की टीम, स्मार्ट मीटर को लेकर उपभोक्ताओं से ली जाएगी अहम जानकारी