खबर की तहतक ✍️| लखनऊ उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार ने विधानसभा में वित्तीय वर्ष 2026-27 का बजट पेश कर दिया है। यह सरकार के दूसरे कार्यकाल का अंतिम पूर्ण बजट है, जिसे आगामी विधानसभा चुनावों से पहले बेहद अहम माना जा रहा है। वित्त मंत्री सुरेश कुमार खन्ना ने सदन में 9.12 लाख करोड़ रुपये का बजट प्रस्तुत किया, जो पिछले वर्ष की तुलना में करीब 12 प्रतिशत अधिक है। इस बजट में सरकार ने निवेश, रोजगार, बुनियादी ढांचा, शिक्षा, स्वास्थ्य और महिला सशक्तिकरण को प्राथमिकता दी है। खास तौर पर युवाओं और महिलाओं को केंद्र में रखकर कई बड़े ऐलान किए गए हैं। 10 लाख युवाओं को रोजगार की उम्मीद वित्त मंत्री ने बजट भाषण में कहा कि प्रदेश में किए गए निवेश प्रस्तावों के चलते करीब 10 लाख युवाओं को रोजगार मिलने की संभावना है। अब तक लगभग 50 लाख करोड़ रुपये के एमओयू पर हस्ताक्षर हो चुके हैं, जिनमें से 15 लाख करोड़ रुपये से अधिक के निवेश पर ज़मीन पर काम शुरू हो चुका है। सरकार का मानना है कि उद्योग, इन्फ्रास्ट्रक्चर और स्टार्टअप को बढ़ावा देकर प्रदेश की युवा शक्ति को आत्मनिर्भर बनाया जा सकता है। बेटियों की शादी के लिए एक लाख रुपये की सहायता महिला सशक्तिकरण को मजबूत करने के लिए बजट में बड़ा ऐलान किया गया है। सरकार की ओर से कहा गया है कि लड़कियों की शादी के लिए अब एक लाख रुपये की आर्थिक सहायता दी जाएगी। इस फैसले को महिलाओं और मध्यम व गरीब वर्ग के परिवारों के लिए बड़ी राहत माना जा रहा है। महिलाओं के लिए अलग कौशल प्रशिक्षण केंद्र बजट में महिलाओं की भागीदारी बढ़ाने के लिए पीपीपी मोड पर विशेष प्रशिक्षण और जॉब प्लेसमेंट केंद्र खोलने की घोषणा की गई है। इन केंद्रों में महिलाओं को उनकी जरूरत के अनुसार प्रशिक्षण दिया जाएगा, जिससे वे रोजगार के बेहतर अवसर हासिल कर सकें। युवाओं के लिए मिशन मोड में स्किल डेवलपमेंट सरकार ने स्पष्ट किया है कि पढ़ाई के साथ-साथ कौशल विकास को भी अनिवार्य बनाया जाएगा। इसके तहत: कौशल विकास प्रशिक्षण केंद्रों की क्षमता बढ़ेगी नए प्रशिक्षण केंद्र स्थापित होंगे निजी क्षेत्र की भागीदारी सुनिश्चित की जाएगी सरकार का कहना है कि जिस व्यक्ति के पास हुनर है, वह लंबे समय तक बेरोजगार नहीं रह सकता। डिजिटल इंटरप्रेन्योरशिप को मिलेगा बढ़ावा बजट में डिजिटल इंटरप्रेन्योरशिप योजना पर विशेष फोकस किया गया है। ईज ऑफ डूइंग बिजनेस के अगले चरण में: रजिस्ट्रेशन लाइसेंसिंग अनुमतियों की प्रक्रिया को और सरल किया जाएगा इसका उद्देश्य युवाओं और उद्यमियों को व्यवसाय शुरू करने में आसानी देना है। एग्री-एक्सपोर्ट हब और निवेश का विस्तार विश्व बैंक की सहायता से चल रही यूपी एग्रीज परियोजना के तहत प्रदेश में एग्री-एक्सपोर्ट हब स्थापित किए जाएंगे। इससे किसानों की आय बढ़ाने और कृषि उत्पादों के निर्यात को गति देने का लक्ष्य है। सरकार ने यह भी बताया कि: यूपी एसडीजी इंडिया इंडेक्स में 29वें से 18वें स्थान पर पहुंचा प्रदेश देश का सबसे बड़ा मोबाइल फोन निर्माण केंद्र बन चुका है भारत के कुल मोबाइल उत्पादन का 65% यूपी में होता है इलेक्ट्रॉनिक्स निर्यात 44,744 करोड़ रुपये तक पहुंच गया है चुनाव से पहले विकास और कल्याण का संदेश कुल मिलाकर, यूपी बजट 2026 को युवा, महिला और रोजगार केंद्रित बजट माना जा रहा है। सरकार ने इस बजट के जरिए चुनाव से पहले विकास, निवेश और सामाजिक कल्याण का स्पष्ट संदेश देने की कोशिश की है। Post Views: 178 Post navigation EV Battery: इलेक्ट्रिक कार की कीमत हो सकती है आधी, भारत में LFP बैटरी से आएगा बड़ा बदलाव CTET परीक्षा ने बढ़ाया गुरुजनों का तनाव, सवाल देखकर छूटे पसीने; बाहर निकलते ही छलका दर्द