खबर की तहतक पर्यावरण संरक्षण का दिया संदेश, अधिकारियों-कर्मचारियों ने लिया हरियाली बढ़ाने का संकल्प संवाददाता : पंकज कुमार, आलापुर अम्बेडकरनगर। https://khabarkitahtak.co.in/wp-content/uploads/2026/06/VID-20260605-WA0016.mp4 विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर विकासखंड जहांगीरगंज परिसर में “एक पेड़ मां के नाम” अभियान के तहत पौधरोपण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। ग्राम्य विकास विभाग द्वारा आयोजित इस कार्यक्रम में ब्लॉक प्रशासन, पंचायत विभाग एवं विभिन्न शाखाओं के अधिकारियों और कर्मचारियों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता करते हुए पर्यावरण संरक्षण का सामूहिक संकल्प लिया। कार्यक्रम का नेतृत्व खंड विकास अधिकारी डॉ. रवीन्द्र कुमार चक्रवर्ती एवं सहायक विकास अधिकारी (पंचायत) योगेन्द्र नाथ वर्मा ने किया। इस दौरान ब्लॉक परिसर में छायादार एवं पर्यावरण के लिए उपयोगी पौधों का रोपण किया गया। अधिकारियों ने कहा कि बढ़ते प्रदूषण, घटते वन क्षेत्र और जलवायु परिवर्तन जैसी चुनौतियों से निपटने के लिए पौधरोपण एक प्रभावी एवं आवश्यक कदम है। उन्होंने उपस्थित कर्मचारियों एवं पंचायत कर्मियों से अपील करते हुए कहा कि पौधे लगाना ही पर्याप्त नहीं है, बल्कि उनकी नियमित देखभाल और संरक्षण भी उतना ही महत्वपूर्ण है। “एक पेड़ मां के नाम” अभियान के माध्यम से प्रकृति संरक्षण के साथ-साथ मातृत्व के सम्मान का संदेश भी समाज तक पहुंचाने का प्रयास किया जा रहा है। कार्यक्रम में खंड विकास कार्यालय एवं विभिन्न विभागों के अधिकारियों और कर्मचारियों ने भाग लिया। इस अवसर पर लेखाकार जितेन्द्र कुमार पाण्डेय, अतिरिक्त कार्यक्रम अधिकारी अजय कुमार, बाल विकास परियोजना अधिकारी विनोद कुमार, ग्राम पंचायत सचिव संघ अध्यक्ष आलोक कुमार उपाध्याय, ग्राम पंचायत सचिव अनूप कुमार मिश्रा, आदित्य नारायण, रामजीत यादव, रंजय मौर्य, कृष्ण कुमार, प्रियंका श्रीवास्तव, अंशिका श्रीवास्तव सहित अन्य कर्मचारी उपस्थित रहे। कार्यक्रम के दौरान ब्लॉक परिसर में पौधरोपण कर पर्यावरण संरक्षण एवं हरित वातावरण के प्रति जागरूकता का संदेश दिया गया। पूरे आयोजन के दौरान “हरियाली बचाओ, पर्यावरण बचाओ” का संदेश प्रमुखता से गूंजता रहा। स्थानीय लोगों ने भी इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि यदि सरकारी विभाग नियमित रूप से पौधरोपण अभियान चलाने के साथ पौधों के संरक्षण पर भी विशेष ध्यान दें, तो पर्यावरण संरक्षण की दिशा में सार्थक और स्थायी परिणाम देखने को मिल सकते हैं। विश्व पर्यावरण दिवस पर आयोजित यह कार्यक्रम न केवल हरित भविष्य की ओर एक सकारात्मक कदम साबित हुआ, बल्कि समाज में पर्यावरणीय जिम्मेदारी के प्रति जागरूकता बढ़ाने का भी माध्यम बना। Post navigation निर्माणाधीन पानी की टंकी पर चढ़ा युवक, पुलिस और प्रशासन की सूझबूझ से टला बड़ा हादसा विश्व पर्यावरण दिवस पर नेवादा टोल प्लाजा में वृक्षारोपण, कर्मचारियों ने ली पर्यावरण संरक्षण की शपथ