खबर की तहतक ✍️ 2029 तक 18 हजार किमी एक्सप्रेसवे और हाई-स्पीड कॉरिडोर का लक्ष्य नई दिल्ली। देश में यात्रा का स्वरूप आने वाले तीन वर्षों में पूरी तरह बदलने वाला है। सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय ने ऐसा व्यापक ब्लू प्रिंट तैयार किया है, जिसके पूरा होते ही लोग ट्रेन और फ्लाइट की बजाय अपने निजी वाहन से हाईवे व एक्सप्रेसवे पर सफर करना अधिक सुविधाजनक समझेंगे। इस योजना को 2029 तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है और इसकी निगरानी स्वयं केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री नितिन गडकरी कर रहे हैं। क्यों घटेगी ट्रेन और फ्लाइट पर निर्भरता? वर्तमान में ट्रेनों में भारी भीड़, कंफर्म टिकट की समस्या और फ्लाइट किराए की महंगाई आम यात्रियों के लिए बड़ी परेशानी बनी हुई है। ऐसे में सरकार का फोकस तेज़, सुरक्षित और सुलभ सड़क नेटवर्क तैयार करने पर है, ताकि मध्यम दूरी की यात्रा सड़क मार्ग से ही आसान हो सके। एक्सप्रेसवे और हाई-स्पीड कॉरिडोर पर ज़ोर सड़क परिवहन मंत्रालय के अनुसार— पिछले 5 वर्षों में 57,125 किमी राष्ट्रीय राजमार्ग बनाए गए हैं। 2028-29 तक 18,000 किमी एक्सप्रेसवे और हाई-स्पीड कॉरिडोर तैयार किए जाएंगे। इसके बाद 2032-33 तक 26,000 किमी अतिरिक्त सड़क परियोजनाओं पर काम शुरू होगा। इन परियोजनाओं के पूरा होते ही लंबी दूरी की यात्राएं कम समय में पूरी होंगी और ईंधन व समय दोनों की बचत होगी। राष्ट्रीय राजमार्गों की लंबाई में रिकॉर्ड बढ़ोतरी देश में राष्ट्रीय राजमार्गों की कुल लंबाई दिसंबर 2025 तक 1,46,572 किमी पहुंच चुकी है, जबकि वर्ष 2014 में यह आंकड़ा केवल 91,287 किमी था। यह वृद्धि सरकार की इंफ्रास्ट्रक्चर-फोकस्ड नीति को दर्शाती है। आम लोगों को क्या मिलेगा फायदा? तेज़ और सुगम यात्रा ट्रेन-फ्लाइट की भीड़ और महंगे किराए से राहत बेहतर कनेक्टिविटी से व्यापार और पर्यटन को बढ़ावा सड़क दुर्घटनाओं में कमी और सुरक्षित ड्राइविंग अनुभव निष्कर्ष यदि तय समय पर योजनाएं पूरी होती हैं, तो आने वाले तीन सालों में भारत में सड़क यात्रा सबसे पसंदीदा विकल्प बन सकती है। एक्सप्रेसवे और हाई-स्पीड कॉरिडोर न केवल सफर को आसान बनाएंगे, बल्कि देश की आर्थिक रफ्तार को भी नई गति देंगे। Post Views: 124 Post navigation मिशन शक्ति टीम की बड़ी कार्रवाई, बहला-फुसलाकर भगा ले जाने के आरोपी युवक गिरफ्तार मिशन शक्ति 5.0 के तहत अम्बेडकरनगर में चला व्यापक जागरूकता अभियान , महिला सुरक्षा, सम्मान और स्वावलंबन को लेकर पुलिस ने किया जनसंपर्क