खबर की तहतक ✍️ आगरा | देश में एलपीजी गैस को लेकर चल रही हलचल के बीच उपभोक्ताओं के लिए एक बड़ा अपडेट सामने आया है। गैस एजेंसियों ने अब ऐसे उपभोक्ताओं पर सख्ती शुरू कर दी है, जिन्होंने लंबे समय से सिलेंडर बुक नहीं कराया है। नए नियम के तहत अब 9 महीने से निष्क्रिय पड़े कनेक्शनों की सेवाएं अस्थायी रूप से बंद कर दी गई हैं। क्या है नया नियम? एलपीजी डिस्ट्रीब्यूटर्स के अनुसार, जिन उपभोक्ताओं ने पिछले 9 महीनों में एक भी बार गैस सिलेंडर नहीं लिया है, उनके कनेक्शन पर रोक लगा दी गई है। अब ऐसे उपभोक्ताओं को दोबारा गैस बुकिंग के लिए KYC (Know Your Customer) प्रक्रिया पूरी करना अनिवार्य होगा। क्यों लिया गया यह फैसला? गैस एजेंसियों का कहना है कि खाड़ी देशों में चल रहे तनाव के चलते सप्लाई को लेकर आशंकाएं बढ़ी हैं। इसी बीच बड़ी संख्या में ऐसे लोग भी बुकिंग कर रहे हैं, जो लंबे समय से गैस का उपयोग नहीं कर रहे थे। इससे सिस्टम पर अनावश्यक दबाव पड़ रहा है। KYC से क्या होगा फायदा? KYC प्रक्रिया के जरिए यह सुनिश्चित किया जाएगा कि: कनेक्शन सक्रिय और वास्तविक उपयोग में है फर्जी या डुप्लीकेट कनेक्शन की पहचान हो सके जरूरतमंद उपभोक्ताओं को समय पर गैस उपलब्ध हो PNG उपभोक्ताओं पर भी सख्ती अधिकारियों ने साफ किया है कि जिन उपभोक्ताओं के पास पाइप्ड गैस (PNG) कनेक्शन है, उन्हें अपना LPG कनेक्शन सरेंडर करना होगा। ऐसे लोग अनावश्यक बुकिंग कर सर्वर पर दबाव बढ़ा रहे हैं। क्या बोले अधिकारी? जिला स्तर के अधिकारियों के अनुसार, “गैस की कोई कमी नहीं है, लेकिन अनावश्यक बुकिंग से वितरण व्यवस्था प्रभावित हो रही है। उपभोक्ताओं से अपील है कि वे जरूरत के अनुसार ही बुकिंग करें।” उपभोक्ताओं के लिए जरूरी सलाह अगर आपने 9 महीने से सिलेंडर नहीं लिया है, तुरंत KYC कराएं नजदीकी गैस एजेंसी या ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से KYC अपडेट करें PNG कनेक्शन होने पर LPG कनेक्शन सरेंडर करने पर विचार करें निष्कर्ष: एलपीजी संकट के बीच सरकार और गैस एजेंसियां अब सिस्टम को दुरुस्त करने में जुट गई हैं। ऐसे में उपभोक्ताओं को भी नियमों का पालन करते हुए समय पर KYC अपडेट कराना जरूरी है, वरना गैस सेवाओं से वंचित होना पड़ सकता है। खबर की तहतक न्यूज़ पोर्टल पर बने रहें, हर जरूरी अपडेट के लिए Post navigation अमेरिका ने आंशिक रूप से हटाया प्रतिबंध, क्या भारत फिर खरीदेगा ईरानी तेल? महाजंग के बीच दमदार कूटनीति: एक और LPG कार्गो शिप भारत पहुंचा, सप्लाई को मिली राहत