खबर की तहतक ✍️ गोरखपुर। होली के माहौल के बीच बुधवार रात गोरखपुर में एक दिल दहला देने वाला सड़क हादसा सामने आया। तेज रफ्तार फॉर्च्यूनर की टक्कर से स्कूटी सवार MBBS छात्र की दर्दनाक मौत हो गई। हादसा इतना भीषण था कि छात्र उछलकर ओवरब्रिज की रेलिंग से जा टकराया और करीब 30 मिनट तक उसका शव रेलिंग से लटका रहा। मौके पर भीड़ जुटी रही, लोग वीडियो बनाते रहे, लेकिन किसी ने छात्र को नीचे उतारने की कोशिश नहीं की। मृतक की पहचान 22 वर्षीय आकाश पांडेय के रूप में हुई है, जो बीआरडी मेडिकल कॉलेज गोरखपुर में MBBS थर्ड ईयर का छात्र था और मूल रूप से संतकबीरनगर जिले के धर्मसिंघवा थाना क्षेत्र के बरगदवां माफी वार्ड नंबर-10 का रहने वाला था। दोस्त के घर से खाना खाकर हॉस्टल लौट रहा था जानकारी के मुताबिक आकाश पांडेय होली के मौके पर अपने दोस्त अनूप के घर गया था। रात में खाना खाने के बाद वह स्कूटी से अपने हॉस्टल लौट रहा था। इसी दौरान शाहपुर थाना क्षेत्र के मोहद्दीपुर-कौवाबाग ओवरब्रिज पर तेज रफ्तार फॉर्च्यूनर ने उसकी स्कूटी में जोरदार टक्कर मार दी। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि आकाश करीब 15 मीटर दूर उछल गया और ओवरब्रिज की रेलिंग से टकराकर औंधे मुंह लटक गया। उसका हेलमेट दूर जा गिरा और स्कूटी बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई। 30 मिनट तक रेलिंग से लटका रहा शव हादसे के बाद आसपास के लोग मौके पर जमा हो गए, लेकिन किसी ने घायल छात्र को नीचे उतारकर अस्पताल पहुंचाने की पहल नहीं की। करीब 30 मिनट तक छात्र का शरीर रेलिंग से लटका रहा। बाद में एक राहगीर की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और उसे नीचे उतारकर अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। दोस्त की गुहार सुनकर हर कोई हुआ भावुक आकाश की मौत की खबर मिलते ही उसका दोस्त अनूप अस्पताल पहुंचा। अपने दोस्त का शव देखकर वह फूट-फूटकर रोने लगा और डॉक्टरों से कहने लगा – “डॉक्टर साहब, आप तो डॉक्टर हैं… मेरे दोस्त को जिंदा कर दीजिए।” यह दृश्य देखकर वहां मौजूद कई लोगों की आंखें नम हो गईं। आरोपी चालक गिरफ्तार पुलिस के मुताबिक हादसे के बाद फॉर्च्यूनर चालक गोल्डेन साहनी मौके से फरार हो गया था। पुलिस ने वायरलेस संदेश के जरिए तलाश शुरू की और करीब एक घंटे बाद आरोपी को वाहन समेत गिरफ्तार कर लिया। बताया जा रहा है कि आरोपी खुद को निषाद पार्टी से जुड़ा बताता है और सोशल मीडिया पर खुद को भावी ब्लॉक प्रमुख भी लिखता है। इकलौते बेटे की मौत से परिवार में कोहराम आकाश पांडेय अपने माता-पिता के इकलौते बेटे थे। उनके पिता देवेंद्र नाथ पांडेय की टेंट की दुकान है, जबकि मां लीलावती देवी गृहिणी हैं। आकाश शुरू से ही पढ़ाई में मेधावी थे और डॉक्टर बनकर समाज की सेवा करना चाहते थे। हादसे की सूचना मिलते ही परिवार और रिश्तेदार गोरखपुर पहुंचने लगे। पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंपा जाएगा। इस दर्दनाक हादसे से पूरे गांव में शोक की लहर है। Post navigation कोतवाली कादीपुर पुलिस द्वारा धारा 376 बीएनएस व पाक्सो एक्ट में वांछित अभियुक्त गिरफ्तार अबीर-गुलाल में सराबोर हुआ जलालपुर, मंदिरों की फूलों की होली में बिखरा प्रेम का रंग