खबर की तहतक | विशेष रिपोर्ट अकबरपुर, अंबेडकर नगर। जनपद के अकबरपुर कोतवाली क्षेत्र अंतर्गत डल्ला निजामपुर के निंदीपुर पुरवा में जमीनी विवाद को लेकर हुए संघर्ष का मामला चर्चा का विषय बना हुआ है। 16 जून 2026 को हुई इस घटना में दोनों पक्षों के बीच विवाद इतना बढ़ गया कि मामला मारपीट और पुलिस कार्रवाई तक पहुंच गया। पीड़ित पक्ष के अनुसार, संजीव विश्वकर्मा के बड़े भाई सुरजीत विश्वकर्मा के साथ कथित रूप से लाठी-डंडों और हथौड़े से हमला किया गया, जिससे उन्हें गंभीर चोटें आईं। परिवार का आरोप है कि घटना सुनियोजित तरीके से अंजाम दी गई और हमलावरों ने उन्हें जान से मारने की धमकी भी दी। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल होने के बाद मामला और अधिक चर्चा में आ गया है। बताया जा रहा है कि दोनों पक्षों की ओर से पुलिस में मुकदमा दर्ज कराया गया है। वहीं पीड़ित परिवार का कहना है कि उन्हें लगातार दबाव और धमकियों का सामना करना पड़ रहा है, जिससे परिवार में भय का माहौल बना हुआ है। स्थानीय लोगों के बीच भी इस घटना को लेकर तरह-तरह की चर्चाएं हैं। हालांकि, मामले की वास्तविक स्थिति और आरोपों की सत्यता पुलिस जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी। पुलिस द्वारा दोनों पक्षों के बयान, चिकित्सीय रिपोर्ट और उपलब्ध वीडियो साक्ष्यों की जांच की जा रही है। अब लोगों की नजरें प्रशासन की आगामी कार्रवाई पर टिकी हैं। यदि जांच में आरोप सही पाए जाते हैं तो दोषियों के विरुद्ध कठोर कानूनी कार्रवाई की जा सकती है। वहीं यदि किसी पक्ष द्वारा गलत या भ्रामक जानकारी दी गई है तो कानून उसके अनुसार भी कार्रवाई का प्रावधान करता है। इस पूरे घटनाक्रम ने एक बार फिर यह सवाल खड़ा कर दिया है कि छोटे-छोटे जमीनी विवाद किस तरह हिंसक संघर्ष का रूप ले रहे हैं। प्रशासन और समाज दोनों के लिए यह चिंतन का विषय है कि ऐसे विवादों का समाधान कानूनी और शांतिपूर्ण तरीके से किया जाए। डिस्क्लेमर (Disclaimer) खबर की तहतक द्वारा प्रकाशित यह समाचार संबंधित पक्षों से प्राप्त जानकारी, स्थानीय स्रोतों एवं उपलब्ध तथ्यों के आधार पर तैयार किया गया है। समाचार में लगाए गए आरोप संबंधित पक्षों के दावे हैं। इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि समाचार पोर्टल द्वारा नहीं की गई है। मामले की जांच संबंधित पुलिस एवं प्रशासनिक अधिकारियों द्वारा की जा रही है तथा अंतिम निष्कर्ष जांच और न्यायिक प्रक्रिया के बाद ही स्पष्ट होगा। यदि किसी पक्ष को समाचार में प्रकाशित किसी तथ्य पर आपत्ति हो तो वह अपना पक्ष उपलब्ध करा सकता है, जिसे निष्पक्षता के सिद्धांत के तहत प्रकाशित करने पर विचार किया जाएगा। Follow us on YouTube channel 👇 Share this: Share on Facebook (Opens in new window) Facebook Share on X (Opens in new window) X Like this:Like Loading… Related Post navigation लखनऊ अग्निकांड पर बड़ा एक्शन, चार अधिकारी निलंबित ! CM योगी की सख्ती: अग्निकांड के बाद XEN, AE, JE समेत फायर अधिकारी पर गिरी गाज पॉक्सो एक्ट के वांछित आरोपी को सम्मनपुर पुलिस ने किया गिरफ्तार